beauty2 heart-circle sports-fitness food-nutrition herbs-supplements
Nutrition

हारमोनों के सामंजस्य के लिए प्रोटीन

19 जून 2019

लेखक: डॉ. एलेन अल्बर्टसन

इस लेख में:

थके-मांदे या निढाल महसूस कर रहे हैं? वज़न में अस्पष्ट उतार-चढ़ावों, लालसाओं या पाचन-संबंधी समस्याओं से संघर्ष कर रहे हैं? अनिद्रा या अपनी त्वचा, बालों और नाखूनों में परिवर्तनों का अनुभव कर रहे हैं? हारमोनों में परिवर्तन या असंतुलन आपके लक्षणों के लिए जिम्मेदार हो सकते हैं।

यौवनारंभ, मासिक धर्म, गर्भावस्था और रजोनिवृत्ति के आसपास महसूस होने वाले कुछ हारमोन परिवर्तन सामान्य हैं। अन्य परिवर्तन तब होते हैं जब अंतःस्रावी ग्रंथियाँ किसी हारमोन का बहुत अधिक या बहुत कम मात्रा का उत्पादन करती हैं।

सौभाग्य से, हारमोनों के असंतुलनों को ठीक करने और आपके शरीर को वापस सामंजस्य में लाने के असंख्य तरीके हैं। पहला कदम है अपने डॉक्टर से बात करना और निर्धारित करना कि क्या कोई हारमोन स्तर असामान्य हैं। विशिष्ट हारमोन समस्याओं की पहचान हो जाने के बाद, जीवनशैली के परिवर्तनों, जैसे अपने आहार में सुधार करना, से मदद मिल सकती है। क्यों? आपके द्वारा खाए जाने वाले प्रोटीन  के प्रकारों और मात्रा सहित, आपके द्वारा खाए जाने वाले खाद्य पदार्थ, हारमोनों के स्तरों को बढ़ा या घटा सकते हैं।

हारमोन क्या हैं?

हारमोन अंतःस्रावी ग्रंथियों—थॉयरॉइड, अधिवृक्क, अग्न्याशय, अंडाशयों और वृषणों सहित—में बनाए जाने वाले रसायनिक संदेशवाहक हैं जो शरीर के अन्य भागों से संपर्क करते हैं और शारीरिक, मानसिक और भावात्मक स्वास्थ्य पर शक्तिशाली प्रभाव डालते हैं। इंसुलिन, एस्ट्रोजन, प्रोजेस्टेरोन, कॉर्टिसॉल, मेलाटोनिन, थायरॉइड हारमोनों और टेस्टोस्टेरोन सहित लगभग 50 अलग-अलग हारमोन हैं। वे बर्ताव और चयापचय और भूख से लेकर शरीर के तापमान, वृद्धि, नींद, प्रजनन, लैंगिकता, मनोदशा और तनाव की अनुक्रिया तक अधिकांश प्रमुख शारीरिक प्रकार्यों को नियंत्रित और विनियमित करते हैं।

आपको कितना प्रोटीन खाना चाहिए?

आयु, लिंग, गतिविधि स्तर और स्वास्थ्य सहित कई कारक इस बात को प्रभावित करते हैं कि आपको कितने प्रोटीन की जरूरत है। कितनी मात्रा आदर्श है इस पर सहमति में भिन्नता है। आहार संदर्भ सेवन 0.8 ग्राम प्रति किलोग्राम शारीरिक वज़न या 0.36 ग्राम प्रति पाउंड है। यह एक 135 पाउंड की स्त्री के लिए लगभग 49 ग्राम प्रतिदिन और एक 180 पाउंड के आदमी के लिए 65 ग्राम प्रतिदिन है। अमेरिकनों के लिए आहार संबंधी दिशानिर्देश अनुशंसा करते हैं कि वयस्कों को उनकी 10 से 35 प्रतिशत कैलोरी प्रोटीन से मिलनी चाहिए।

यदि आप वज़न कम करने का प्रयास कर रहे हैं, तो पर्याप्त प्रोटीन का उपभोग करने से आपको अपने रास्ते पर बने रहने में मदद करने वाले हारमोन परिवर्तन हो सकते हैं। अध्ययन दर्शाते हैं कि प्रोटीन खाने से भूख को उत्तेजित करने वाले "भूख हारमोन", घ्रेलिन के स्तरों में कमी आती है, और तृप्ति को बढ़ाने वाले PYY और GLP-1 के उत्पादन में वृद्धि होती है। पर्याप्त मात्रा पाने को सुनिश्चित करने के लिए जर्की जैसा कोई अधिक प्रोटीन वाला स्नैक साथ ले जाएं या अपने सुबह के स्मूदी में प्रोटीन पाउडर मिलाएं।

तथापि, कुल मिलाकर बहुत कम या बहुत ज्यादा प्रोटीन और बहुत सारी कैलोरी खाने से हारमोनों में परिवर्तन उत्पन्न हो सकते हैं। अधिक खाने से खास तौर पर अधिक वज़न वाले या मोटे व्यक्तियों के लिए इंसुलिन के स्तर बढ़ जाते हैं और इंसुलिन संवेदनशीलता कम हो जाती है। बहुत कम कैलोरी खाने से कॉर्टिसॉल के स्तर बढ़ सकते हैं, जो एक तनाव हारमोन है जो अधिक मात्रा में होने पर, खास तौर पर शरीर के मध्य भाग में, वज़न में वृद्धि को बढ़ावा देता है।

हारमोनों के संतुलन के लिए प्रोटीन के संबंध में क्या करें या न करें

आपके लिए सर्वोत्तम प्रोटीन का प्रकार आपकी व्यक्तिगत हारमोन संबंधी समस्याओं और आहार संबंधी वरीयताओं पर निर्भर करता है। यहाँ एक सारांश प्रस्तुत है।

सीफूड चुनें

सामान्य तौर पर, सीफूड प्रोटीन का एक पतला, स्वस्थ स्रोत है जो समग्र स्वास्थ्य और हारमोनों के संतुलन के लिए बढ़िया है। मुख्य बात यह है कि ऐसे सीफूड का चयन करना चाहिए जिनमें पारे और PCBs जैसे संदूषकों की मात्रा कम होती है, जो एस्ट्रोजन रिसेप्टर्स और थॉयरॉइड ग्रंथि दोनों पर नकारात्मक प्रभाव डाल सकते हैं। अच्छे स्रोतों में शामिल हैं एल्बाकोर तुना, अलास्का सामन, पैसिफिक वाइल्ड सार्डीन्स, उगाए गए घोंघे, रेनबो ट्राउट और फ्रेशवाटर कोहो सामन। जिन मछलियों से बचना चाहिए उनमें ब्लूफिन तुना, चिलीयन सी बैस, मॉंकफिश, ग्रूपर और ऑरेंज रफी शामिल हैं।

लाल मांस का सेवन कम करें

बहुत अधिक लाल मांस का सेवन एस्ट्रोजन के स्तर बढ़ा सकता है, जो शरीर में स्त्रियोचित विशेषताओं के लिए जिम्मेदार हारमोन है। ऐसा पशुओं को खिलाए जाने वाले हारमोनों, पशु उत्पादों की प्रचुरता वाले आहारों में फाइबर के अभाव या बहुत अधिक संतृप्त वसा का सेवन करने से हो सकता है।

जबकि प्रोटीन के पशु स्रोत स्वस्थ आहार का भाग हो सकते हैं, हारमोनों के संतुलन को इष्टतम करने के लिए आपके द्वारा खाए जा रहे मांस की मात्रा को घटाएं और जहाँ संभव हो, पतले और ऑर्गैनिक मांस का चुनाव करें। इसके अलावा, आंतों के स्वास्थ्य को सुधारने और अत्यधिक एस्ट्रोजन के निष्कासन को बढ़ाने के लिए, प्रतिदिन 25-30 ग्राम फाइबर का सेवन करें। स्मूदियों में फाइबर पाउडर मिलाने या अधिक फाइबर वाले साबुत अनाज के उत्पादों को खाने से आपके सेवन की मात्रा बढ़ सकती है।

ग्लूटेन का उपयोग मत करें

यदि आपको अपने थॉयराइड हारमोनों के साथ समस्याएं महसूस हो रही हैं तो कतिपय अनाजों में पाए जाने वाले एक प्रोटीन, ग्लूटेन को हटाने पर विचार करें। ग्लूटेन थॉयरॉइड ग्रंथि को क्षति पहुंचाने वाले एक ऑटोइम्यून रोग, हशिमोटोस से संबद्ध है और हाइपोथॉयरॉइडिज्म का अग्रणी कारण है। ग्लूटेन से युक्त अनाजों से बचें (गेहूं, राई, बार्ली और ट्राइटिकेल)। प्राकृतिक रूप से ग्लूटेन से रहित अनाजों जैसे मकई और चावल का चुनाव करें, और नियमित प्रकारों के बदले ग्लूटेन से रहित उत्पादों (पास्ता, स्नैक्स, डबलरोटी, क्रैकर्स और बेकिंग मिश्रण) का उपयोग करें।

व्यवहार्य वीगन बनें

प्रोटीन के शाकाहारी स्रोतों को खाना आपके हारमोनों को संतुलित करने का शानदार तरीका है। प्रोटीन के पशु स्रोतों के विपरीत, वनस्पति स्रोत प्राकृतिक रूप से फाइबर में प्रचुर होते हैं और उन रसायनों से रहित होते हैं जो हारमोनों के स्तरों को बढ़ा सकते हैं। अधिक फाइबर खाने से आंतों के स्वास्थ्य को भी बढ़ावा मिल सकता है, जिससे हारमोनों के समग्र संतुलन में सुधार हो सकता है। साथ ही, फाइबर रक्त शर्करा स्तरों को कम करने में मदद करता है, और इंसुलिन को सामान्य बनाता है।

वनस्पति प्रोटीन बढ़ाने का एक आसान तरीका है स्मूदियों में वीगन प्रोटीन पाउडर मिलाना। ये पाउडर विविध स्रोतों से बनाए जाते हैं, आम तौर पर मटर का प्रोटीन, ब्राउन राइस, सोया और पटसन। आप अधिक बीन्स और सोया खाद्य पदार्थ भी खा सकते हैं—तोफू, एडामेम, सोया मिल्क और सोया प्रोटीन ग्रैन्यूल्स। कुछ अनुसंधान सुझाते हैं कि सोया के खाद्य पदार्थों का उपभोग हॉट फ्लैशेस जैसे रजोनिवृत्ति के लक्षणों को कम करने में मदद कर सकता है।

संदर्भ:

  1. Aubertin-Leheudre, M, et al. Diets and hormonal levels in postmenopausal women with or without breast cancer. Nutrition and Cancer 63, no. 4 (2011): 514–524.
  2. Blom, WA, et al. Effect of a high-protein breakfast on the postprandial ghrelin response. Am J Clin Nutr. 2006 Feb;83(2):211–20.
  3. Belza, A, et al. Contribution of gastroenteropancreatic appetite hormones to protein-induced satiety. Am J Clin Nutr. 2013 May;97(5):980-9. doi: 10.3945/ajcn.112.047563. Epub 2013 Mar 6.
  4. Fung, T, et al. A dietary pattern derived to correlate with estrogens and risk of postmenopausal breast cancer. Breast cancer research and treatment132, no. 3 (2012): 1157–1162;
  5. Harmon, BE, et al. Oestrogen levels in serum and urine of premenopausal women eating low and high amounts of meat. Public Health Nutrition 17, no. 09 (2014): 2087–2093.
  6. Tomiyama, AJ, et al. Low Calorie Dieting Increases Cortisol. Psychosom Med. 2010 May; 72(4): 357–364.

संबंधित लेख

सभी देखें

Nutrition

बच्चों को सब्ज़ियाँ खाने के लिए तैयार करने के सुझाव

Nutrition

स्कूल को सेहतमंद वापसी: लंच के लिए बनाने में आसान व्यंजन विधियाँ

Nutrition

अनिरंतर उपवास के लिए सर्वश्रेष्ठ शुरूआती गाइड