checkoutarrow
IN
24/7 सहायता
beauty2 heart-circle sports-fitness food-nutrition herbs-supplements
तंदुरुस्ती

5 आम खनिज कमियाँ

4 नवंबर 2019

एरिक मैड्रिड एमडी द्वारा

इस लेख में:


खनिज प्रकृति में पाए जाने वाले रासायनिक यौगिक या अणु होते हैं। हालांकि अक्सर खनिजों का उल्लेख विटामिन के साथ किया जाता है, लेकिन ये विटामिन की तुलना में भिन्न हैं। वे अकार्बनिक पदार्थ हैं जो न केवल पृथ्वी के पारिस्थितिकी तंत्र में, बल्कि पौधों, जानवरों और मनुष्यों सहित सभी जीवित जीवों के समग्र स्वास्थ्य में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।

यदि मानव शरीर में मौजूद खनिज की मात्रा 5 ग्राम से अधिक हो तो इसे प्रमुख खनिज के रूप में वर्गीकृत किया जाता है। यदि खनिज की मात्रा 5 ग्राम से कम हो तो इसे सूक्ष्म खनिज माना जाता है। हालांकि, उनकी मात्रा से कोई फर्क नहीं पड़ता, एंजाइम, प्रोटीन और कोशिकाएं अपनी इष्टतम क्षमता पर कार्य कर सकें इसके लिए सभी खनिज महत्वपूर्ण हैं।

आयरन

भूपटल का पांच प्रतिशत हिस्सा आयरन है, फिर भी आयरन की कमी दुनिया भर में सबसे आम खनिज की कमी है। यह अनुमान लगाया गया है कि दुनिया भर में तीन में से एक व्यक्ति में इस आवश्यक खनिज की कमी है। बच्चे जनने वाली महिलाओं को सबसे अधिक खतरा होता है। आमतौर पर पुरुषों के रक्त में कुल 4 ग्राम आयरन होता है जबकि महिलाओं में 3 ग्राम आयरन होता है। 

आयरन को लाल रक्त कोशिकाओं, या हीमोग्लोबिन को सामान्य स्तर पर बनाये रखने के लिए सबसे अधिक जाना जाता है। जब किसी व्यक्ति में आयरन की कमी होती है तो वह पर्याप्त लाल रक्त कोशिकाओं का उत्पादन नहीं कर सकता, जिसके परिणामस्वरूप उत्पन्न बीमारी को एनीमिया के रूप में जाना जाता है। जबकि एनीमिया के अन्य कारण भी हैं, जैसे कि विटामिन बी12 और फोलेट की कमी, किसी व्यक्ति के एनेमिक होने का सबसे प्रमुख कारण आयरन की कमी है।

आयरन दो रूपों में प्राप्त होता है: हीम आयरन, जो मुख्य रूप से पशु स्रोतों से प्राप्त होता है, और गैर-हीम आयरन, जो पौधों से प्राप्त होता है। जब आयरन का सेवन मांस के रूप में किया जाता है तब शरीर लगभग 30 प्रतिशत हीम-आयरन को अवशोषित कर सकता है। जब आयरन का सेवन पौधों, गिरियों और बीजों से बने पदार्थों से किया जाता है तब शरीर लगभग 10 प्रतिशत गैर-हीम आयरन को अवशोषित कर सकता है। 

आयरन की कमी के कारण

  • आहार में अपर्याप्त सेवन
  • वजन घटाने वाली सर्जरी (गैस्ट्रिक बाईपास, गैस्ट्रिक स्लीव, आदि)
  • भारी माहवारी
  • पेट के अल्सर 
  • कोलन पॉलिप (जिनसे रक्तस्त्राव हो सकता है)
  • असमान्य अवशोषण संबंधी सिंड्रोम
  • आंतों के रोग (लीकी गट, क्रोंस रोग, अल्सरेटिव कोलाइटिस, सीलिएक रोग)

आयरन की कमी के लक्षण

  • थकान
  • शरीर का पीला पड़ना
  • सांस लेने में तकलीफ
  • छाती में दर्द
  • दिल की घबराहट

आयरन के खाद्य स्रोत

  • मांस (बीफ, लैम, टर्की, चिकन, वील, आदि)
  • सीफ़ूड (झींगे, क्लैम, ट्यूना, etc.)
  • सब्जियाँ (पालक, मटर, ब्रोकोली, कोलार्ड, केल, आदि)
  • फल (स्ट्रॉबेरी, तरबूज, किशमिश, खजूर, सूखे बेर, आदि)
  • फलियाँ (टोफू, राजमा, दालें)

आयरन की कमी का पता लगने पर हीआयरन लेना चाहिए और खाद्य स्रोत पर्याप्त मात्रा में आयरन प्रदान नहीं करते हैं। कुछ व्यक्तियों में हेमोक्रोमैटोसिस नामक एक बीमारी होती है, जिसके परिणामस्वरूप आयरन की मात्रा अधिक हो जाती है। एक बार आयरन की कमी का पता लग जाने और इसके लिए खाद्य संपूरक की सलाह दिए जाने के बाद, आप विटामिन सी भी ले सकते हैं जो आयरन के अवशोषण में मदद करेगा।  

 मैग्नीशियम

एक एंजाइम "सह-कारक" मानव शरीर में 350 से अधिक रासायनिक प्रतिक्रियाओं में शामिल होता है, मैग्नीशियम महत्वपूर्ण है। औसत मानव के शरीर में लगभग 25 ग्राम मैग्नीशियम होता है। इसका एक प्रतिशत सीरम और लाल रक्त कोशिकाओं में है, और 90 प्रतिशत सीरम हड्डियों और मांसपेशियों में मौजूद है। रक्त में मैग्नीशियम का निम्न स्तर इंगित करता है कि व्यक्ति में इसकी कमी है। हालांकि, किसी व्यक्ति के शरीर में पर्याप्त मैग्नीशियम की कमी का पता एक सामान्य रक्त परीक्षण से भी लगाया जा सकता है। कुल मिलाकर, यह अनुमान लगाया गया है कि दुनिया की 75 प्रतिशत आबादी अधिकतम स्वास्थ्य के लिए आवश्यक मैग्नीशियम की पर्याप्त मात्रा का सेवन नहीं करती है।

मैग्नीशियम युक्त खाद्य पदार्थों का पर्याप्त सेवन, जिसमें हरी पत्तेदार सब्जियां शामिल हैं, महत्वपूर्ण है। अक्सर, आहार पर्याप्त नहीं होता है और खाद्य संपूरक की आवश्यकता होती है। 

कुछ दवाएं मैग्नीशियम की कमी के जोखिम को बढ़ाती हैं। इन दवाओं में एसिड कम करने वाली दवाएं (यानी ओमेप्राज़ोल, पैंटोप्राज़ोल, रेनिटिडिन) और मूत्रवर्धक पानी की गोलियां (यानी फ़्यूरोसेमाइड, ट्रायमटेरिन, हाइड्रोक्लोरोथियाज़ाइड) शामिल हैं। 

मैग्नीशियम की कमी के कारण

  • आहार के माध्यम से अपर्याप्त सेवन 
  • वजन घटाने वाली सर्जरी (गैस्ट्रिक बाईपास, गैस्ट्रिक स्लीव, आदि)
  • असमान्य अवशोषण
  • आंतों के रोग (क्रोंस रोग, अल्सरेटिव कोलाइटिस, सीलिएक रोग)

मैग्नीशियम की कमी के लक्षण

  • मांसपेशियों में ऐंठन
  • टांगों में ऐंठन(विशेष रूप से रात में)
  • असमान्य रूप से पलक का झपकना
  • दिल की घबराहट
  • रक्तचाप में वृद्धि
  • माइग्रेन
  • तनाव से सिरदर्द
  • चिंता के लक्षण
  • कब्ज
  • खराब ग्लूकोज नियंत्रण
  • अत्यधिक सक्रिय ब्लैडर (ब्लैडर एक चिकनी मांसपेशी होती है)

मैग्नीशियम के खाद्य स्रोत

आहार के माध्यम से मैग्नीशियम प्राप्त करना सबसे अच्छा है। हालांकि, यह अक्सर पर्याप्त नहीं होता, यहाँ तक कि स्वस्थ, संपूर्ण आहार वाले लोगों में भी। मैग्नीशियम पाउडर, टैबलेट, या कैप्सूल के रूप में उपलब्ध है। एक मैग्नीशियम कीलेट (जैसे मैग्नीशियम साइट्रेट, मैग्नीशियम ग्लाइकेट, मैग्नीशियम मालेट, या मैग्नीशियम थ्रेओनेट) सूत्र इष्टतम अवशोषण और दक्षता के लिए आदर्श है। मैग्नीशियम-ऑक्साइड निरूपण स्वीकार्य है लेकिन कुछ लोगों के लिए कभी-कभी इसके जठरांत्रिय दुष्प्रभाव हो सकते हैं, जैसे कि दस्त लगना। लेबल पर निर्देशित अनुसार लें। गुर्दे की विकसित बीमारी वाले लोगों को इसका सेवन करने से पहले अपने चिकित्सक से परामर्श करना चाहिए। 

 कैल्शियम

कैल्शियम शरीर और पृथ्वी पर पाए जाने वाले सबसे आम खनिजों में से एक है। वास्तव में, हमारे शरीर के वजन का दो प्रतिशत कैल्शियम से बना होता है। यह अनुमान लगाया गया है कि हमारे शरीर में 99 प्रतिशत कैल्शियम हमारी हड्डियों में पाया जाता है, जबकि एक प्रतिशत रक्त और कोशिकाओं में मौजूद होता है।

कैल्शियम हृदय की मांसपेशियों के संकुचन सहित हड्डी और मांसपेशियों के स्वास्थ्य के लिए जिम्मेदार है। जब आहार में पर्याप्त कैल्शियम का सेवन नहीं किया जाता है तो स्वास्थ्य संबंधी जटिलताएँ हो सकती हैं। जब भोजन के साथ इसका सेवन किया जाता है तब कैल्शियम और मैग्नीशियम आमतौर पर संतुलित होते हैं। जब खाद्य संपूरक लिया जाता है तब मैग्नीशियम संपूरक भी जोड़ना चाहिए। इसके अतिरिक्त, कैल्शियम के अवशोषण के लिए विटामिन डी का पर्याप्त स्तर आवश्यक है। 

कैल्शियम की कमी के कारण

  • विटामिन डी की कमी
  • सही आहार का सेवन ना करना
  • वजन घटाने वाली सर्जरी (गैस्ट्रिक बाईपास, गैस्ट्रिक स्लीव, आदि)
  • असमान्य अवशोषण
  • आंतों के रोग (लीकी गट, क्रोंस रोग, अल्सरेटिव कोलाइटिस, सीलिएक रोग)

कैल्शियम की कमी के लक्षण

  • दांतों की समस्याएँ
  • अवसाद
  • नाज़ुक नाखून
  • थकान
  • मतिभ्रम
  • मासिक धर्म संबंधी ऐंठन
  • मांसपेशियों में ऐंठन
  • ऑस्टियोपीनिया/ऑस्टियोपोरोसिस

कैल्शियम के खाद्य स्रोत

जब आहार से पर्याप्त कैल्शियम प्राप्त ना हो तो आपको दैनिक आहार में कैल्शियम संपूरक जोड़ने की आवश्यकता हो सकती है। संपूरक लेने वाले अधिकांश लोग रोजाना 500 मिलीग्राम से 1,000 मिलीग्राम तक कैल्शियम का सेवन करते हैं। अवशोषण के लिए कैल्शियम कार्बोनेट को पेट में पर्याप्त एसिड की आवश्यकता होती है, इसलिए इसे भोजन के साथ लेना सबसे अच्छा है। जो लोग एसिड को कम करने वाली दवाएं लेते हैं उनके लिए कैल्शियम साइट्रेट निरूपण लेना सबसे अच्छा है। कोरल कैल्शियम, कैल्शियम ग्लूकोनेट, या कैल्शियम लैक्टेट जैसे अन्य रूप भी स्वीकार्य हैं। कुछ लोग कैल्शियम-मैग्नीशियम संयोजन या कैल्शियम-मैग्नीशियम-जिंक संयोजन संपूरक भी लेते हैं। 

 आयोडीन

यह अनुमान लगाया गया है कि, विश्व स्तर पर, तीन में से एक व्यक्ति आयोडीन का अपर्याप्त सेवन करता है। थायराइड हार्मोन और ऊर्जा चयापचय के उत्पादन के लिए पर्याप्त आयोडीन की आवश्यकता होती है। नीचे सूचीबद्ध लक्षणों वाले या थायरॉयड की बीमारी वाले लोगों को अपने चिकित्सक से मूत्र में आयोडीन स्तर की जाँच करवाने के बारे में सलाह लेनी चाहिए। मूत्र में आयोडीन का सामान्य स्तर > 100 mcg/L या अधिक होता है।  

जब आयोडीन की कमी होती है, तो व्यक्ति में गण्डमाला (थायरॉइड वृद्धि) या थायरॉयड नोड्यूल विकसित हो सकते हैं। आयोडीन का निम्न स्तर थकान, शरीर के कम तापमान, और कम बुद्धि (13.5 अंक तक) जैसा कि एक मानक बुद्धि परीक्षण पर मापा जाता है, के साथ भी संबंधित हो सकता है। भ्रूण और बचपन में आयोडीन की गंभीर कमी से मानसिक मंदता हो सकती है।

Endocrine Reviews में एक अध्ययन के अनुसार अफ्रीका और दक्षिण एशिया में आयोडीन की कमी आम है, जबकि यूरोप में 50 प्रतिशत लोगों में हल्की कमी है। 

Nutrients में नॉर्वेजियन गर्भवती महिलाओं के 2018 के अध्ययन से पता चला है कि 55 प्रतिशत तक महिलाओं ने अपने आहार में मानक से कम आयोडीन का सेवन किया था। Australian Thyroid Foundation, के अनुसार, "ऑस्ट्रेलिया में रहने वाले 50% से अधिक बच्चों और गर्भवती या स्तनपान करने वाली महिलाओं में आयोडीन की कमी पाई गई है"।

इसके अलावा, Journal Thyroid में 2011 के एक अध्ययन ने प्रदर्शित किया कि संयुक्त राज्य अमेरिका में लगभग 10 प्रतिशत लोगों में मध्यम से गंभीर आयोडीन की कमी थी। यह माना जाता है कि अतिरिक्त पाँच से 10 प्रतिशत लोगों में हल्की कमी है। दूसरे शब्दों में, पाँच अमेरिकियों में से एक में भी आयोडीन की कमी हो सकती है।

वाकामे (अंडेरिया), नोरी (पोरफाइरा), और कोम्बू (लामिनेरिया) जैसी समुद्री शैवाल के नियमित सेवन के कारण जापान में अधिकांश अन्य देशों की तुलना में आयोडीन का अधिक सेवन होता है। 

आयोडीन की कमी के कारण

  • सही आहार का सेवन ना करना
  • वजन घटाने वाली सर्जरी (गैस्ट्रिक बाईपास, गैस्ट्रिक स्लीव, आदि)
  • असमान्य अवशोषण
  • आंतों के रोग (लीकी गट, क्रोंस रोग, अल्सरेटिव कोलाइटिस, सीलिएक रोग)

आयोडीन की कमी के लक्षण

  • हाथों और पैरों की अँगुलियों का ठंडा होना
  • थकान
  • थायराइड नोड्यूल/गण्डमाला
  • कम सक्रिय थायराइड
  • अवसाद
  • ब्रेन फ़ॉग/चीजों को सीखने और याद रखने में परेशानी
  • वजन बढ़ना
  • बालों का गिरना
  • सूखी त्वचा

आयोडीन के खाद्य स्रोत

जब आहार पर्याप्त नहीं होता है तब गुणवत्ता वाले मल्टीविटामिन लिए जाने चाहिए, जब तक कि इसमें 150 mcg आयोडीन  मौजूद हो। कुछ लोग यह सुनिश्चित करने के लिए केल्प संपूरक लेते हैं कि वे पर्याप्त आयोडीन प्राप्त कर रहे हैं। यूरोपीय संघ ने सिफारिश की है कि संपूरक लेने पर आयोडीन की ऊपरी सीमा 600 mcg होनी चाहिए। 

 जिंक

विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार, यह अनुमान लगाया गया है कि दुनिया की आबादी के 20 प्रतिशत तक हिस्से में जिंक की कमी हो सकती है। जब छोटे बच्चे प्रभावित होते हैं, तो उनका विकास प्रभावित हो सकता है जबकि प्रतिरक्षा प्रणाली भी नकारात्मक रूप से प्रभावित हो सकती है, जिससे खतरनाक बैक्टीरिया और वायरस से लड़ना मुश्किल हो जाता है। दक्षिण एशिया, अफ्रीका और पश्चिमी प्रशांत क्षेत्र के बच्चों को दुनिया भर के अन्य स्थानों के बच्चों की तुलना में अधिक खतरा होता है। उत्तरी अमेरिका और यूरोप में, बच्चों की तुलना में बुजुर्गों में कमी का खतरा अधिक होता है। 

जिंक की कमी के कारण

  • सही आहार का सेवन ना करना
  • वजन घटाने वाली सर्जरी (गैस्ट्रिक बाईपास, गैस्ट्रिक स्लीव, आदि)
  • असमान्य अवशोषण
  • शराब का नियमित सेवन
  • आंतों के रोग (क्रोंस रोग, अल्सरेटिव कोलाइटिस, सीलिएक रोग)
  • दवाएं (रक्तचाप के लिए मूत्रवर्धक दवाओं का उपयोग)

जिंक के खाद्य स्रोत

जिंक की कमी के लक्षण

  • सूखी त्वचा (डर्मटाइटिस)
  • सूंघने की शक्ति में कमी
  • देरी से घाव भरना
  • मति-मंद विकास (अगर बच्चों में कमी हो)
  • दस्त 
  • मानसिक अशांति 
  • यादाश्त की कमी
  • बालों का गिरना
  • नपुंसकता
  • प्रतिरक्षा में कमी के कारण बारम्बार होने वाला संक्रमण

व्यक्ति की उम्र के अनुसार प्रतिदिन 2 mg से 13 mg तक जिंक लेने की सिफारिश की जाती है — स्तनपान कराने वाली महिलाओं को सबसे अधिक आवश्यकता होती हैं, और शिशुओं को सबसे कम। अधिकांश गुणवत्ता मल्टीविटामिनों में जिंक शामिल होता है। कैल्शियम-मैग्नीशियम-जस्ता संयोजन के संपूरक भी मौजूद हैं जो हड्डियों के स्वास्थ्य के लिए लाभदायक हैं। कुछ लोगों को, हालांकि, अतिरिक्त जिंक की आवश्यकता हो सकती है और वे जिंक संपूरक ले सकते हैं। ऊपरी श्वसन संक्रमण को रोकने में मदद करने के लिए ठंड और फ्लू के मौसम में अक्सर जिंक लोजेंजेस ली जाती हैं। 

संदर्भ:

  1. Food sources of iron according to the Red Cross https://www.redcrossblood.org/donate-blood/blood-donation-process/before-during-after/iron-blood-donation/iron-rich-foods.html
  2. Wacker WE, Parisi AF N Engl J Med. 1968 Mar 21; 278(12):658-63. (Average human has 25 grams of magnesium in their body)
  3. DiNicolantonio JJ, O'Keefe JH, Wilson W. Subclinical magnesium deficiency: a principal driver of cardiovascular disease and a public health crisis [published correction appears in Open Heart. 2018 Apr 5;5(1):e000668corr1]. Open Heart. 2018;5(1):e000668. Published 2018 Jan 13. doi:10.1136/openhrt-2017-000668
  4. Lima Mde L, Pousada J, Barbosa C, Cruz T Arq Bras Endocrinol Metabol. 2005 Dec; 49(6):959-63 [Magnesium deficiency and insulin resistance in patients with type 2 diabetes mellitus]. Up to 75% of people are deficient
  5. Mineral and Electrolyte Metabolism. 1993;19(4-5):314-22. Low magnesium is associated with glucose abnormalities
  6. Endocrine Reviews. 2009 Jun;30(4):376-408. doi: 10.1210/er.2009-0011. Epub 2009 May 21.
  7. Nutrients. 2018 Feb 28;10(3). pii: E280. doi: 10.3390/nu10030280.
  8. Site accessed March 3, 2018 regarding iodine deficiency in Australia. https://www.thyroidfoundation.org.au/page/13/iodine-nutrition-iodine-deficiency
  9. Thyroid. 2011 Apr; 21(4):419-27. doi: 10.1089/thy.2010.0077. (Note: Iodine deficiency in the United States is higher than 10% of the population. I suspect upwards towards 20% using the WHO urinary value of 100 mg/L or less being deficient)
  10. Food sources of zinc https://ods.od.nih.gov/factsheets/Zinc-Consumer/

संबंधित लेख

सभी देखें

तंदुरुस्ती

अपने और अपने पालतू जानवरों के लिए बेहतर स्वास्थ्य को विकसित करना

तंदुरुस्ती

ये 2019 के शीर्ष 9 अनिवार्य तेल हैं

तंदुरुस्ती

ओमेगा-3 के शीर्ष वीगन स्रोत